राजनीति नहीं छोड़ रहे नितिन गडकरी, ‘नई पीढ़ी को जिम्मेदारी’ वाले बयान पर कार्यालय ने दी सफाई

by पूजा झा
राजनीति नहीं छोड़ रहे नितिन गडकरी, ‘नई पीढ़ी को जिम्मेदारी’ वाले बयान पर कार्यालय ने दी सफाई

केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के एक बयान को लेकर राजनीतिक गलियारों में चल रही अटकलों पर अब उनके कार्यालय ने स्थिति साफ कर दी है। गडकरी ने हाल ही में नागपुर के एक कार्यक्रम में कहा था कि वह अब पहले की तरह ज्यादा काम नहीं कर पाते और अब नई पीढ़ी को जिम्मेदारी सौंपने का समय आ गया है। उनके इस बयान के बाद राजनीति से दूरी बनाने को लेकर तरह-तरह के कयास लगाए जाने लगे थे। हालांकि, नितिन गडकरी के कार्यालय ने स्पष्ट किया है कि उनके बयान का राजनीति से कोई संबंध नहीं था। यह टिप्पणी लक्ष्मणराव मानकर ट्रस्ट के कामकाज और उसके भविष्य के नेतृत्व के संदर्भ में की गई थी।

ट्रस्ट के कामकाज के संदर्भ में दिया था बयान

गडकरी कार्यालय के मुताबिक, केंद्रीय मंत्री नागपुर में एक कार्यक्रम के दौरान लक्ष्मणराव मानकर ट्रस्ट को लेकर बात कर रहे थे। यह संगठन आदिवासी क्षेत्रों में एकल विद्यालयों समेत विभिन्न सामाजिक गतिविधियों के माध्यम से काम करता है। कार्यालय ने बताया कि गडकरी ने इसी ट्रस्ट के कामकाज के संदर्भ में कहा था कि वह अब पहले की तरह इसके लिए ज्यादा समय और काम नहीं कर पाते हैं। इसलिए नई पीढ़ी को जिम्मेदारी संभालने और संगठन के काम को आगे बढ़ाने का अवसर मिलना चाहिए। स्पष्टीकरण में कहा गया कि गडकरी की टिप्पणी को राजनीतिक संदर्भ में देखना सही नहीं है और उनके बयान का राजनीति छोड़ने या सक्रिय राजनीति से अलग होने से कोई संबंध नहीं है।

विकास और आदिवासी इलाकों को लेकर भी रखी बात

नागपुर के कार्यक्रम में नितिन गडकरी ने विकास कार्यों और आदिवासी क्षेत्रों की बुनियादी सुविधाओं को लेकर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में विकास का दायरा और बढ़ेगा। गडकरी ने महाराष्ट्र के आदिवासी इलाकों के विकास पर जोर देते हुए कहा कि उनका लक्ष्य है कि राज्य का कोई भी आदिवासी गांव बिजली जैसी बुनियादी सुविधा से वंचित न रहे। उन्होंने राज्य में विकास कार्यों को जमीनी स्तर पर और मजबूत करने की जरूरत पर भी जोर दिया।

क्यों शुरू हुई राजनीति छोड़ने की चर्चा?

दरअसल, गडकरी का यह बयान ऐसे समय सामने आया जब बीजेपी के राष्ट्रीय संगठन में बड़े बदलाव की चर्चा चल रही थी। हाल ही में पार्टी अध्यक्ष नितिन नवीन की नई टीम का ऐलान हुआ, जिसमें कई नए चेहरों को जिम्मेदारी दी गई। बीजेपी संगठन में बदलाव के बाद केंद्र सरकार में भी संभावित कैबिनेट फेरबदल को लेकर राजनीतिक अटकलें तेज थीं। इसी माहौल में गडकरी के ‘नई पीढ़ी को जिम्मेदारी’ वाले बयान को भी राजनीति से जोड़कर देखा जाने लगा। हालांकि, अब नितिन गडकरी के कार्यालय की ओर से साफ कर दिया गया है कि उनका बयान किसी राजनीतिक भूमिका या भविष्य को लेकर नहीं था। यह पूरी तरह लक्ष्मणराव मानकर ट्रस्ट के संचालन और उसके भविष्य के नेतृत्व से जुड़ी टिप्पणी थी। गडकरी कार्यालय की सफाई के बाद यह स्पष्ट हो गया है कि केंद्रीय मंत्री के राजनीति छोड़ने से जुड़े कयासों का उनके बयान के वास्तविक संदर्भ से कोई संबंध नहीं है।


पूजा झा